
पूर्व शिक्षा मंत्री मास्टर भंवरलाल मेघवाल ने कहा कि भाजपा के शासन में किसान आत्महत्या करने को मजबूर है प्रदेश में किसानो की हालात बेहद दयनीय है, किसान दु:खी होकर आत्महत्या करने पर आमादा है, ऐसी स्थिति प्रदेश में पहली बार ऐसी सरकार बनी है, जो इस ओर ध्यान नहीं दे रही है, जो चिन्ता का विषय है। मंगलवार को पंचायत चुनाव में सुजानगढ व बीदासर में कांग्रेस का प्रधान बनाने पर मतदाताओं का आभार व्यक्त करते हुए ग्राम चरला में उपस्थित ग्रामीणो को सम्बोधित करते हुए मेघवाल ने कहा कि कांग्रेस के शासन काल के दौरान गरीबों के लिए शुरू की गई योजनाओं को भाजपा सरकार बंद करने के कगार पर है पेंशन, खाद्य सुरक्षा के तहत मिलने वाले गेंहू गरीबो को समय पर नही मिल रहे हैं और अतिवृष्टि से किसानो की जो फसलें बर्बाद हुई है उनका मुआवजा ऊंट के मूंह में जीरे के समान है और प्रदेश के किसान आत्महत्या करने को मजबूर है।
उन्होने कहा कि गांव में पानी समस्या बनी हुई अधिकारी ध्यान नही दे रहे है। केन्द्र सरकार पर चुटकी लेते हुए मेघवाल ने ग्रामीणो से पूछा क्या अच्छे दिन आ गये। उन्होने कहा कि पैॅट्रोल डीजल के दाम एकाएक बढा देने के साथ ही मंहगाई निरन्तर बढ रही है। पूर्व मंत्री ने कहा कि किसानो एवं गरीबों मजदूरों व दलितों के हितो के लिए कांग्रेस संघर्ष करेगी। पंचायत समिति के प्रधान गणेश ढाका ने मतदाताओं का अभार व्यक्त करते हुए गांव के विकास के लिए सदैव तत्पर रहने के साथ ही जनप्रतिनिधियों के साथ मिलकर पंचायतराज की योजनाओं के तहत विकास के नये आयाम स्थापित करने का भरोसा दिलाया। इस मौके पूर्व प्रधान पूसाराम गोदारा ने कहा कि भाजपा के शासन में हर तबके का आदमी परेशान है और गांव का विकास अवरूद्ध हो गया है। कही पर नरेगा पर मजदूर नही लग रहे हैं तो महा नरेगा में पक्के निर्माण में बीएसआर की दरे कम करने से सरपंच निविदाओं का बहिष्कार कर रहे ।
पूर्व जिला प्रमुख व कांग्रेस जिलाध्यक्ष भंवरलाल पुजारी, पूर्व कृषि उपज मण्डी अध्यक्ष सुरजाराम ढाका, राधेश्याम अग्रवाल, विद्याधर बेनीवाल का ग्रामिणों ने माल्यार्पण कर एवं साफा पहना कर स्वागत किया। चरला में पूर्व पंचायत समिति रामसुख गोदारा, सरपंच शेराराम, पूर्व सरपंच अमराराम, मोहनलाल मेघवाल, खींवाराम खेरिया, केसराराम, पीथाराम, उम्मेदसिंह, नानूराम पुनिया, मूलाराम खेरिया ने अतिथियों का स्वागत किया। मेघवाल ने एक दर्जन गांवो का दौरा कर ग्रामीणो के अभाव अभियोग सुने।













