
सुजानगढ़ पंचायत समिति की साधारण सभा की बैठक सोमवार को विधायक खेमाराम मेघवाल की उपस्थिति में प्रधान नानीदेवी गोदारा की अध्यक्षता में पंचायत समिति सभागार में सम्पन्न हुई। बैठक में पेयजल किल्लत का मुद्दा छाया रहा। विकास अधिकारी सीआर मीणा ने सदन को जानकारी देते हुए बताया कि महानरेगा के तहत प्रत्येक ग्राम पंचायत में दस सरकारी भवनों में पौधारोपण किया जाएगा, जिसके लिए ग्राम पंचायतें स्थानों का चयन कर पंचायत समिति में सूचना जमा करवाएं ताकि पौधारोपण कार्य सही तरीके से सम्पन्न हो सके।
इस पर सरपंच एड. हरिशचन्द्र पारीक ने कहा कि पिछले वर्ष पौधारोपण के लिए लाई गई पौद्य के परिवहन का व्यय जनप्रतिनिधियों की जेब से लगा है, जिसका आज दिन तक भुगतान नहीं हुआ। पारीक ने भुगतान नहीं होने का कारण भी पुछा। बैठक में जिला परिषद सदस्य पूसाराम गोदारा ने कहा कि हर शुक्रवार को दो पंचायतों में पंचायत समिति का स्टाफ आकर कार्य करेगा, ताकि पंचायतों के रिकार्ड सम्बंधी अनेक कार्य पंचायत स्तर पर ही पूरे किए जा सकें। इसके लिए पूरी कार्ययोजना तैयार कर ली गई है। विकास अधिकारी सी.आर. मीणा ने सरपंचो से इस कार्य में अधिकाधिक सहयोग करने की अपील की।
कितने आई.टी.सेन्टर चालू है
जब सदन में आई.टी.सेन्टरों पर चर्चा शुरू हुई तो विधायक खेमाराम मेघवाल ने पुछा कि ऐसे कितने आईटी सेंटर हैं, जो चालू नहीं हैं। जिस पर जिप सदस्य पूसाराम गोदारा ने कहा कि समस्त आईटी सेंटर चालू हैं। लेकिन इनमें राजीव गांधी सेवा केंद्र चालू नहीं हैं। विधायक द्वारा आईटी सेंटरों की सुरक्षा के बारे में सवाल करने पर विकास अधिकारी ने सभी पंचायतों में सुरक्षा गार्ड तैनात होने की जानकारी दी। इसी प्रकार गांवो में सौर ऊर्जा की खराब पड़ी लाईटों को बदलने के लिए भी ठेकेदार को पाबंद करने के विधायक ने निर्देश दिए। पांच से अधिक वर्षों से बकाया चल रहे पंचायतों के बिलों के निस्तारण पर भी चर्चा हुई।
ठेकेदारों पर कसा शिकंजा –
विधायक ख्ेामाराम मेघवाल ने सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारियों को ठेकेदारों पर शिकंजा कसने के लिए कहा। मेघवाल ने विभाग के सहायक अभियंता एम.पी.सिंह से कहा कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना सहित गांवो की ओर जाने वाली ऐसी सड़कें जो गारन्टी अवधि से पहले टूअ गई हैं। उनकी सम्बन्धित ठेकेदार से मरम्मत करवाने के निर्देश देते हुए कहा कि ठेकेदारों को शह नहीं देवे तथा उनसे गुणवता से काम लें।
इस चर्चा के दौरान ईंयारा कैम्प से ईंयारा गांव तक, सारोठिया से जीली सड़क मार्ग आदि सड़कों के बारे में चर्चा हुई। चाड़वास सरपंच विमल जेदिया ने बस स्टैण्ड से सार्वजनिक तालाब तक की सड़क की मरम्मत करवाने की मांग की। विभिन्न योजनाओं के तहत गांवों में बने कुण्डों की मरम्मत सम्बन्धित ठेकेदार से करवाने के निर्देश देते हुए विधायक ने कहा कि इससे किसानों को लाभ मिल सकेगा।
सड़कों की मरम्मत को लेकर नोक-झोंक
क्षेत्र में सड़कों की मरम्मत को लेकर विधायक एवं जिला परिषद सदस्य के मध्य तीखी नोक-झोंक हुई। जिप सदस्य पूसाराम गोदारा ने जब कि कि कांग्रेस सरकार के पांच साल के शासन में सड़कों का निर्माण करवाया है। इस पर तंज कसते हुए विधायक खेमाराम मेघवाल ने कहा आपने सड़कें घटिया क्यों बनवाई? आपके खुद के गांव के बाहर की सड़क टूटी हुई है। इस पर जिप सदस्य गोदारा ने सफाई दी कि वहां चार-पांच घर हैं, जिनमें रहने वाले सड़क पर पानी डालते हैं, वो सड़क तो पांच बार बनाने पर भी सही नहीं हो सकती।
जनप्रतिनिधियों ने उठाई पेयजल समस्या
बैठक में मलसीसर, सारोठिया, कातर, साण्डवा, लुहारा के जनप्रतिनिधियों ने पेयजल समस्या को सदन में रखा। पेयजल समस्या को उठाते हुए मलसीसर सरपंच भूराराम प्रजापत ने अपने गांव में 10 दिनों से पानी आने की बात कही। वहीं सारोठिया सरपंच रामकरण ने मारोठिया में पानी की समस्या बताई, तो कातर के जैसाराम प्रजापत ने कहा कि 3 माह से पेयजल किल्लत चल रही है, कर्मचारी आते नहीं हैं। पंचायत समिति सदस्य प्रहलाद सेन ने सांडवा में भी पेयजल की समस्या से सदन को अवगत करवाया। पंचायत समिति सदस्य विद्याधर बेनीवाल ने लुहारा की समस्या बताते हुए टेंकरों से पेयजल सप्लाई चालू करवाने की मांग की।
जिस पर जलदाय विभाग के अधिशाषी अभियंता जेआर नायक ने समस्याओं का शीघ्र निस्तारण करने का आश्वासन दिया। इसी प्रकार राशन कार्डों के दुरुस्तीकरण, गांवो में नियमित खाद्य आपूर्ति, शौचालयों के बकाया चल रहे भुगतान निपटाने के लिए भी विधायक ने निर्देश दिए। बैठक में बीदासर उपखंड अधिकारी, तहसीलदार टीसी बंसल, जलदाय विभाग के एक्ईएन जेआर नायक, भाजपा नेता प्रहलाद जाखड़, बुद्धिप्रकाश सोनी, सुभाष ढ़ाका सहित अनेक सरपंच, ग्रामसेवक, विभिन्न विभागों के अधिकारीगण उपस्थित थे।













